श्रवण एवं वाणी निशक्तजन कल्याण समिति की उपाध्यक्ष एवं चेयरपर्सन श्रीमती शरणजीत कौर शुक्रवार को हरियाणा राजभवन में राज्यपाल श्री सत्यदेव नारायण आर्य से मुलकात कर समिति द्वारा चलाई जा रही गतिविधियों एवं कार्यकर्मों की जानकारी देते हुए - 27.12.19

January 16, 2020

चंडीगढ़, 27 दिसम्बरः- हरियाणा के राज्यपाल श्री सत्यदेव नारायण आर्य ने कहा है कि श्रवण एवं वाणी निशक्तजनों कोे वर्तमान में उपलब्ध उपकरणांे एवं इटरनेट के माध्यम से शिक्षा उपलब्ध करवाकर रोजगार के अवसर मुहैया करवाए जाएं ताकि यह बच्चे भी राष्ट्र निर्माण में अपनी महत्ती भूमिका अदा कर सके। श्री आर्य शुक्रवार को हरियाणा राज्य श्रवण एवं वाणी निशक्तजन कल्याण समिति की उपाध्यक्ष एवं प्रधान श्रीमति शरणजीत कौर से बातचीत कर समिति द्वारा चलाए जा रही गतिविधिओं एवं कार्यकर्मों की जानकारी ले रहे थे। 

उन्होनें कहा कि इटरनेट और सोशल मीडिया के इस युग में निशक्तजन एवं दिव्यांग बच्चों को उनकी क्षमतानुसार शिक्षा व रोजगार के साधन उपलब्ध करवाए जा सकते है। इस कल्याणकारी कार्य में श्रवण एवं वाणी निशक्तजन समिति के साथ-साथ सरकारी व गैर सरकारी संस्थाएं भी और अधिक सहयोग कर सकती है। इन संस्थाओं के सहयोग से श्रवण एवं वाणी निशक्तजनों के कल्याण से संबंधित योजनाओं को आगे बढ़ाया जा सकता है। सोसाइटी से जुड़े सभी पदाधिकारी व अधिकारियों को चाहिए कि समाज सेवा में लगी संस्थाओं से सम्पर्क करें, जिससे यह संस्थाएं समाज कल्याण कार्यों से जुडेगी और जरूरतमंद बच्चों को लाभ होगा। 

श्रीमति शरणजीत कौर ने समिति द्वारा चलाई जा रही गतिविधियों का ब्यौरा देते हुए बताया कि इस समय डेढ़ लाख के लगभग व्यक्ति श्रवण एवं वाणी की समस्या से ग्रस्त है इसमें से 20 हजार बच्चे है। उन्होनें बताया कि समिति के माध्यम से प्रदेश में आठ श्रवण एवं वाणी निशक्तजन कल्याण केन्द्र चलाए जा रहे है जिनमें दो हजार से भी अधिक बच्चे पंजीकृत है। 

उन्होनें बताया कि श्रवण एवं वाणी निशक्तजन केन्द्रों के अलावा जो व्यक्ति केन्द्रों से बाहर है उन सभी को शिक्षा उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से गुड़गांव में ‘‘डिजिटल साइन लैंगवेज‘‘ लैब स्थापित की गई है। देश मे अपनी किस्म की यह पहली लैब है। इस लैब में स्थित वर्कशाॅप में बच्चों को शिक्षा से जोड़ने और पाठ्यक्रम अनुसार शिक्षा उपलब्ध करवाने के लिए विडियो फिल्म तैयार की जाती है। जिन्हें यूट्यूब चैनल पर अपलोड किया जा रहा है, जहां से न केवल हरियाणा बल्कि अन्य देशों के बच्चे भी शिक्षा के मामले में इसका लाभ उठा रहें है। 

उन्होनें बताया कि पांच वर्ष तक के बच्चों को शिक्षा के लिए तैयार करने हेतु पूर्व नवाचार और कौशल कार्यक्रम की शुरूआत की जाएगी। इस कार्यक्रम के तहत दिव्यांग बच्चों के साथ-साथ इनके माता-पिताओं को भी डिजिटल साइन लैंगवेज का ज्ञान मिलेगा। उन्होनें बताया कि दिव्यांग बच्चों को उच्च शिक्षा मुहैया करवाने के उद्देश्य से प्रदेश में जिला स्तर पर दस जमा दो के स्कूल स्थापित किए जाने की योजना है। तीन जिलों करनाल, हिसार और गुड़गांव में जमा दो के स्कूल स्थापित भी किए जा चूके है। उन्होनें ने बताया कि इन केन्द्रों में शैक्षणिक गतिविधियों बढ़नें साथ-साथ श्रवण वाणी दिव्यांग व्यक्तियों को रोजगार भी उपलब्ध हो रहा है। सोसाइटी द्वारा तीन दर्जन के लगभग दिव्यांग युवाओं को अध्यापक व अन्य पदों पर  नियुक्ति दी जा चुकी है। इस अवसर पर महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय व सुपवा रोहतक के कुलपति प्रो0 राजबीर ंिसंह उपस्थित थे।

 

कैप्शनः- श्रवण एवं वाणी निशक्तजन कल्याण समिति की उपाध्यक्ष एवं चेयरपर्सन श्रीमती शरणजीत कौर शुक्रवार को हरियाणा राजभवन में राज्यपाल श्री सत्यदेव नारायण आर्य से मुलकात कर समिति द्वारा चलाई जा रही गतिविधियों एवं कार्यकर्मों की जानकारी देते हुए।