देश को खुशहाल बनाने के लिए सभी को मिलकर आर्य समाज को फिर से मजबूत करना होगा और समाज के सदस्यों की संख्या भी बढ़ानी होगी-राज्यपाल 27.01.19

January 28, 2019

ण्डीगढ़, 27 जनवरीः देश को खुशहाल बनाने के लिए सभी को मिलकर आर्य समाज को फिर से मजबूत करना होगा और समाज के सदस्यों की संख्या भी बढ़ानी होगी। यह बात हरियाणा के राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य ने आज स्थानीय दयानंद मठ में आचार्य बलदेव की स्मृति में आर्य प्रतिनिधि सभा द्वारा आयोजित प्रांतीय आर्य महासम्मेलन में बतौर मुख्यअतिथ उपस्थित लोगों को सम्बोधित करते हुए कही।

उन्होंने कहा कि 1857 की क्रांति की सम्पूर्ण कार्य योजना स्वामी दयानद सरस्वती द्वारा तैयार की गई थी। उसके बाद ही भारत को आजादी मिली थी। इसी संबंध में उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने कहा था कि यदि हम महर्षि दयानंद की नीतियों पर चलते तो देश कभी नही बंटता। आज देश में जो भी कार्य चल रहे हैं उनका मार्ग स्वामी जी ने वर्षों पूर्व बना दिया था। उन्होंने कहा कि स्वामी दयानंद सरदार पटेल के दिखाए हुए रास्ते पर चलकर फिर से भारत को विश्व गुरू बनाया जा सकता है।

राज्यपाल ने कहा कि समाज को सुधारने के लिए स्वामी दयानंद द्वारा उल्लेखनीय कार्य किए गए हैं। उन्होंने विभिन्न सामाजिक कुरीतियों को समाप्त कर समाज को एक सूत्र में पिरोने का काम किया। उन्होंने कहा कि स्वामी दयानंद द्वारा लिखी गई पुस्तक सत्यार्थ प्रकाश आर्य समाज का मूल ग्रंथ है। इय ग्रंथ से ही हिन्दूत्व की रक्षा हुई थी। उन्होंने कहा कि स्वामी दयानंद ने ही महिलाओं को शिक्षित करने की जोरदार अपील की थी और विधवा विवाह के लिए समाज में आवाज को बुलंद किया था।

आचार्य बलदेव को श्रद्घांजलि अर्पित करते हुए उन्होंने कहा कि देश समाज की भलाई के लिए आचार्य बलदेव ने सरकारी नौकरी को त्यागकर समाज की सेवा करने का कार्य किया था। उन्होंने घर-घर जाकर लोगों को जागृत किया। गौ संरक्षण के लिए भी उनकी अहम भूमिका रही। इसलिए ही आज देश में आदर के साथ उनका नाम लिया जाता है। डॉ. अम्बेडकर की शिक्षित बनों, संगठित रहो संघर्ष करो की बात को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि जीवन में शिक्षा का बड़ा महत्व है। शिक्षा के बिना कोई भी व्यक्ति देश दुनिया की पहचान नहीं कर पाएगा।

उन्होंने कहा कि डॉ. अम्बेडकर ने उस समय महिला शिक्षा पर बल दिया था जब महिलाओं को शिक्षित करने की कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम आरंभ करके डॉ. अम्बेडकर के सपने को साकार करने का कार्य किया है। राज्यपाल ने आर्य प्रतिनिधि आर्य सभा को 21 लाख रूपए की अनुदान राशि देने की भी घोषणा की।

स्वामी दयानंद के मिशन को आगे बढऩे की आवश्यकता कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने लोगों का आह्वान किया कि वेद प्रचार और युवा कार्यकर्ताओं को आर्य समाज से जोडऩे की दिशा में कार्य करें ताकि वेदों और ऋषि दयानंद सरस्वती जी की विचारधारा को आगे बढ़ाया जा सके।

आचार्य देवव्रत ने इस बात पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आज आर्य समाज की संस्थाओं से पुराने प्रचारक जा रहे हैं और नये के आने की व्यवस्था नहीं है। सक्रिय प्रचारक होने के कारण इन संस्थाओं में उत्सव होंने बंद हो गए हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि इस के लिए इन संस्थाओं में दो विभाग चलने चाहिये। एक, वेद प्रचार का विभाग और दूसरा, कार्यकर्ताओं का, जैसे आर्य वीरदल। उन्होंने कहा कि गुरुकुल कुरुक्षेत्र, जो उनकी कर्मभूमि रही है, में आज वेद प्रचार का अलग से विभाग स्थापित किया गया है। इस के अलावा, आर्ष विद्यालय और भजनोपदेशक विभाग अलग से स्थापित किये गए हैं। इन संस्थानों में कार्य निशुल्क रूप से कार्यान्वित किया जा रहा है।

राज्यपाल ने आर्य प्रतिनिधि सभा हरियाणा द्वारा आर्य समाज के प्रसार प्रचार के लिये किये जा रहे कार्यों के लिये प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि इसी तरह युवाओं को आर्य समाज में दीक्षित करें ताकि ये संघटन और मजबूत हो सके। समाज में फैले नशे, अज्ञान और अंधविश्वास को समाप्त करने के लिये बच्चों में आर्य समाज के संस्कार देने की आवश्यकता है। उन्होंने आचार्य बलदेव जी को याद करते हुए कहा कि आर्य प्रतिनिधि सभा हरियाणा ने उनकी स्मृति पर कार्यक्रम कर सरहानीय कार्य किया है।

उन्होंने कहा कि आर्य समाज का मिशन आगे बढऩा चाहिये ताकि भावी पीढ़ी वैदिक धर्मी बन सके। उन्होंने हरियाणा आर्य प्रतिनिधि सभा को वेद प्रसहर के लिये चार रथ (वाहन) देने की घोषणा की। आर्य प्रतिनिधि सभा, हरियाणा के अध्यक्ष श्री रामपाल आर्य ने राज्यपाल का स्वागत किया तथा सभा की विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी।

कार्यक्रम में श्री महाशय धर्मपाल जी चेयरमैन एम.डी.एच दिल्ली, श्री प्रकाश आर्य, मंत्री सार्वदेशिक आर्य प्रतिनिधि सभा दिल्ली, श्री मनीष ग्रोवर सहकारिता मंत्री हरियाणा सरकार, श्रीमती कृष्णा गहलावत पूर्व मंत्री, श्री राजेश जैन चेयरमैन एल.पी.एस. बोसार्ड, श्री मनमोहन गोयल मेयर नगर निगम रोहतक, आचार्य आर्यनरेश हिमाचल प्रदेश, श्री राजवीर आर्य उपकुलपति एमडीयू रोहतक, डॉ. सुरेन्द्रकुमार संरक्षक परोपकारिणी सभा अजमेर, डॉ. वेदपाल प्रधान, श्री ओममुनि उपप्रधान अजमेर, श्री कन्हैयालाल आर्य मंत्री, श्रीमती ज्योत्स्ना अजमेर, श्री धर्मपाल आर्य प्रधान आर्य प्रतिनिधि सभा दिल्ली, श्री विनय आर्य मंत्री आर्य प्रतिनिधि सभा दिल्ली, आचार्य सत्यजित् वानप्रस्थ साधक आश्रम रोजड़ (गुजरात), डॉ. राजेन्द्र विद्यालंकार कुरुक्षेत्र, आचार्य सोमदेव अजमेर, डॉ. धर्मदेव विद्यार्थी क्षेत्रीय निदेशक, डी..वी. दिल्ली जोन, आचार्य वेदमित्र रोहतक, डॉ. प्रमोद योगार्थी हिसार, स्वामी देवव्रत अध्यक्ष सार्वदेशिक आर्य वीर दल, स्वामी धर्ममुनि बहादुरगढ़, स्वामी विदेहयोगी कुरुक्षेत्र, स्वामी धु्रवदेव रोजड़, स्वामी बलेश्वरानन्द पुण्डरी (कैथल), स्वामी धर्मदेव पिल्लूखेड़ा (जीन्द,) स्वामी सोमानन्द रोजड़ (गुजरात), स्वामी सुखानन्द फतुही (राजस्थान), स्वामी सतबीरानन्द पाण्डु-पिण्डारा (जीन्द), महात्मा ब्रह्मपुत्र, आचार्य हरिदत्त गुरुकुल भैयापुर लाढौत (रोहतक), आचार्य वेदनिष्ठ गुरुकुल जूआँ (सोनीपत), आचार्या राजबाला गुरुकुल मोरमाजरा (करनाल), आचार्या दर्शना गुरुकुल खरल (जीन्द), आचार्या सुनीता गुरुकुल ऐंचराकलां (जीन्द) आचार्या बन्तोदेवी गेंडाखेड़ा (जीन्द), आचार्या चन्द्रकला गुरुकुल पंचगांव (भिवानी), आचार्या राजनमान गुरुकुल लोवाकलां (झज्जर) श्री सन्तलाल शर्मा सिरसा, श्री खूबराम सिरसा आदि अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने अपने विचार रखे।

 

कैप्शनः- रोहतक में आचार्य बलदेव जी की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम में आर्य प्रतिनिधि सभा हरियाणा के पदाधिकारी, हरियाणा के राज्यपाल श्री सत्यदेव नारायण आर्य को सम्मानित करते हुए और साथ में है हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत।